छत्तीसगढ़ का नियाग्रा अब ईकोटूरिज्म के हवाले


जगदलपुर: बस्तर के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल चित्रकोट जलप्रपात के आस-पास के क्षेत्रों को ईको-टूरिज्म के रूप में विकसित करने के साथ-साथ ईको-पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए कलेक्टर  रजत बंसल आज 24 अगस्त को चित्रकोट में अधिकारियों की बैठक लेकर इसके संबंध में आवश्यक दिशा -निर्देश दिए हैं। 

प्राप्त जानकारी के अनुसार चित्रकोट में आने वाले पर्यटकों ठहरने के लिए उत्तम व्यवस्था हो सके एवं ईको पर्यटकों के लिए पुराने एसटीएफ कैम्प परिसर को रिसोर्ट के रूप में विकसित किया जाएगा।  छत्तीसगढ़ के नियाग्रा कहे जाने वाले यह प्रसिद्ध पर्यटन स्थल एवं इसके आस-पास का क्षेत्र भव्य एवं आकर्षक स्वरूप लेकर पर्यटकों का आकर्षण का केन्द्र बनाया जाएगा। इसके लिए पर्यटन विभाग के अधिकारियों को चित्रकोट एवं आस-पास के क्षेत्रों में कराए जाने वाले निर्माण कार्यों के संबंध में भी दिशा निर्देश दिया गया। साथ ही उन्होंने ग्रामीण सेवा यांत्रिकी  विभाग के कार्यपालन अभियंता  को शीघ्र प्राकलन तैयार करने को कहा। कलेक्टर ने अधिकारियों के साथ पर्यटन क्षेत्र के अन्तर्गत आने वाले ग्राम लामड़ागुड़ा, तिरथा आदि ग्राम का भ्रणम कर तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान सीईओ जिला पंचायत  इन्द्रजीत चन्द्रवाल, एसडीएम बस्तर  गोकुल  रावटे भी उपस्थित थे।